जवा (रीवा): मध्य प्रदेश के रीवा जिले के जवा थाना क्षेत्र में लगातार बढ़ती आपराधिक घटनाओं और कानून व्यवस्था की बदहाली ने स्थानीय लोगों की रातों की नींद उड़ा दी है। यहाँ जवा कस्बे में बेखौफ घूम रहे अज्ञात अपराधियों ने रविवार, 21 जून 2026 की देर रात एक ही इलाके में जमकर तांडव मचाया। बदमाशों ने महज़ कुछ घंटों के भीतर अलग-अलग घरों के बाहर खड़े तीन वाहनों को पेट्रोल डालकर आग के हवाले कर दिया। इस सिलसिलेवार आगजनी की घटना से पूरे अंचल में सनसनी फैल गई है। सोमवार सुबह जले हुए वाहनों को देख स्थानीय व्यापारियों और आम नागरिकों में भारी आक्रोश और खौफ का माहौल निर्मित हो गया। इस गंभीर वारदात ने जवा थाना पुलिस की रात्रिकालीन सुरक्षा व्यवस्था और गश्त के दावों की पोल खोलकर रख दी है।

रात 2 से 3 बजे के बीच हुआ ‘सीरियल बर्न’ कांड; जलकर खाक हुए ये वाहन
पीड़ित मकान मालिकों और चश्मदीदों से मिली जानकारी के अनुसार, अपराधियों ने रात के सन्नाटे का फायदा उठाकर इस कायराना हरकत को अंजाम दिया:
- राधाकृष्ण गुप्ता की बाइक फूंकी: जवा निवासी राधाकृष्ण गुप्ता (पिता कृष्ण गोपाल गुप्ता, उम्र 32 वर्ष) की मोटरसाइकिल, जिसका नंबर MP-17-H-2363 है, उसे रात करीब 2 से 3 बजे के बीच अज्ञात बदमाशों ने माचिस दिखा दी। बाइक पूरी तरह जलकर कबाड़ हो गई।
- अखिलेश सोनकर का ऑटो किया खाक: इसी रात पड़ोस में ही रहने वाले अखिलेश कुमार सोनकर का ऑटो क्रमांक MP-17-R-7604 उनके घर के सामने ही टीनशेड के नीचे खड़ा था। बदमाशों ने उसे भी आग के हवाले कर दिया, जिससे गरीब ऑटो चालक की रोजी-रोटी का साधन छिन गया।
- राजकुमार सिंह की गाड़ी भी जलाई: वारदात की कड़ियां यहीं नहीं रुकीं; बदमाशों ने आगे बढ़कर राजकुमार सिंह के कमरे के बाहर खड़ी उनकी मोटरसाइकिल क्रमांक MP-04-ZM-8422 को भी आग लगा दी।
व्यापारियों में भारी आक्रोश; गिरफ्तारी न होने पर आंदोलन की चेतावनी
एक ही रात में लगातार तीन बड़ी आगजनी की घटनाओं से जवा नगर के मुख्य बाजार और रिहायशी इलाकों में सुरक्षा को लेकर गहरी चिंता देखी जा रही है:
- संपत्ति की सुरक्षा का डर: स्थानीय निवासियों और व्यापारियों का कहना है कि यदि मुख्य कस्बे में घर के सामने खड़े वाहन सुरक्षित नहीं हैं, तो आम जनता की जान-माल की रक्षा भगवान भरोसे है। लोग अब अपनी दुकानों और अन्य कीमती संपत्तियों की सुरक्षा को लेकर डरे हुए हैं।
- पुलिस की निष्क्रियता पर फूटा गुस्सा: नगरवासियों ने सीधे तौर पर जवा पुलिस की कार्यप्रणाली पर उंगली उठाई है। ग्रामीणों का आरोप है कि पुलिस की नियमित रात्रिकालीन गश्त केवल कागजों तक सीमित है, जिसके कारण अपराधियों के हौसले इतने बुलंद हैं कि वे सरेराह आगजनी कर आराम से फरार हो जा रहे हैं।
थाना प्रभारी का रुख: फुटेज खंगाल रही है पुलिस, जल्द होगा खुलासा
जनता की मांग और प्रशासनिक कार्रवाई —
“घटना के बाद गुस्साए क्षेत्रवासियों और पीड़ित परिवारों ने रीवा पुलिस अधीक्षक (SP) से मांग की है कि इस गंभीर मामले की निष्पक्ष व विधिक जांच के लिए एक विशेष टीम का गठन किया जाए। नागरिकों ने अल्टीमेटम दिया है कि यदि आगामी कुछ दिनों के भीतर अज्ञात आगजनी करने वाले अपराधियों की गिरफ्तारी नहीं होती है, तो जवा की जनता सड़कों पर उतरकर उग्र आंदोलन करने के लिए बाध्य होगी। इधर, जवा थाना पुलिस ने पीड़ितों की शिकायत पर अज्ञात आरोपियों के विरुद्ध केस दर्ज कर लिया है। पुलिस आसपास के मुख्य मार्गों पर लगे सीसीटीवी (CCTV) कैमरों के फुटेज खंगाल रही है और संदिग्धों से पूछताछ की जा रही है।”







