सतना, मध्य प्रदेश: मध्य प्रदेश के सतना जिले में अमरपाटन रोड पर सोमवार रात एक बेहद दर्दनाक और भयानक औद्योगिक हादसा सामने आया है। यहाँ स्थित ‘विद्याश्री सॉल्वेंट प्लांट’ में अचानक एक बॉयलर जोरदार धमाके के साथ फट गया। धमाका इतना भीषण था कि इससे आसपास का पूरा इलाका दहल उठा और फैक्ट्री में चारों तरफ आग का तांडव शुरू हो गया। इस हादसे में मशीन ऑपरेटर की जिंदा जलने से मौके पर ही तड़प-तड़प कर मौत हो गई, जबकि एक अन्य मजदूर गंभीर रूप से झुलस गया है।

आग की लपटों के बीच घिरे कर्मचारी, मची भगदड़
चश्मदीदों के मुताबिक, सोमवार रात को प्लांट में रोजाना की तरह सामान्य रूप से काम चल रहा था। इसी दौरान अचानक बॉयलर में एक जोरदार ब्लास्ट हुआ:
- जिंदा जला ऑपरेटर: हादसे के वक्त मशीन का संचालन कर रहे 45 वर्षीय ऑपरेटर दिलावर सिंह उर्फ पिंकू तिघरा आग की भीषण लपटों के बीच इस कदर फंस गए कि उन्हें बाहर निकलने का एक पल भी मौका नहीं मिला। जिंदा जलने के कारण उन्होंने मौके पर ही दम तोड़ दिया।
- एक मजदूर गंभीर: ड्यूटी पर मौजूद एक अन्य मजदूर मन्नू केवट इस हादसे में बुरी तरह झुलस गया है, जिसे आनन-फानन में जिला अस्पताल सतना में भर्ती कराया गया है।
धान की भूसी और रसायनों ने आग में घी का काम किया
बताया जा रहा है कि इस प्लांट में धान की भूसी का उपयोग करके ‘राइस ब्रान ऑयल’ (चावल का तेल) तैयार किया जाता था। फैक्ट्री परिसर में भारी मात्रा में सूखी भूसी और ज्वलनशील केमिकल का स्टॉक रखा हुआ था। इसके कारण आग ने कुछ ही मिनटों में विकराल रूप धारण कर लिया। आग की ऊंची-ऊंची लपटें पास की रिहायशी बस्ती की तरफ बढ़ने लगीं, जिससे स्थानीय लोगों में चीख-पुकार और दहशत का माहौल बन गया।
बिहार के व्यापारी का है प्लांट, ₹8 लाख था किराया
प्रारंभिक जांच में सुरक्षा और प्रबंधन को लेकर कई बड़े खुलासे हुए हैं:
- यह सॉल्वेंट प्लांट शहर के एक नामी सराफा कारोबारी की राइस मिल परिसर के भीतर स्थित है।
- इस प्लांट को बिहार के एक बड़े व्यापारी ने करीब 8 लाख रुपये प्रति माह के किराए पर ले रखा था, जहां तेल निकालने का काम बड़े पैमाने पर किया जा रहा था।
आक्रोशित लोगों ने सड़क पर लगाया चक्काजाम
हादसे की खबर मिलते ही मृतकों के परिजनों और स्थानीय नागरिकों का गुस्सा फूट पड़ा। आक्रोशित लोगों ने सड़क पर उतरकर चक्काजाम कर दिया और फैक्ट्री प्रबंधन के खिलाफ जमकर नारेबाजी की। घटना की संवेदनशीलता को देखते हुए एसडीएम सिटी राहुल सिलाडिया, सीएसपी देवेंद्र सिंह और कोतवाली थाना प्रभारी (टीआई) रवीन्द्र द्विवेदी भारी पुलिस बल के साथ मौके पर पहुंचे। अधिकारियों ने निष्पक्ष जांच और सख्त कार्रवाई का भरोसा देकर करीब एक घंटे बाद जाम खुलवाया।
प्रशासन की कार्रवाई: दमकल विभाग की कई गाड़ियों ने घंटों की कड़ी मशक्कत के बाद आग पर काबू पाया। पुलिस ने मर्ग कायम कर शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है। अब इस बात की बारीकी से जांच की जा रही है कि बॉयलर फटने के तकनीकी कारण क्या थे और क्या प्लांट में सुरक्षा मानकों (Safety Measures) का पालन किया जा रहा था या नहीं।






