प्रशासनिक महकमे में हड़कंप! कटनी के पूर्व एसपी अभिजीत रंजन को 10 करोड़ का मानहानि नोटिस; समाजसेवी सरिता गौतम ने लगाए पद के दुरुपयोग के गंभीर आरोप

भोपाल/कटनी: मध्य प्रदेश के पुलिस महकमे से इस वक्त की एक बहुत बड़ी और चौंकाने वाली खबर सामने आ रही है। कटनी जिले के पूर्व पुलिस अधीक्षक (SP) और वर्तमान में राजधानी भोपाल के पुलिस प्रशिक्षण एवं अनुसंधान संस्थान (PTRI) में पदस्थ वरिष्ठ पुलिस अधिकारी अभिजीत कुमार रंजन को 10 करोड़ रुपये का मानहानि नोटिस (Defamation Notice) भेजा गया है। यह कानूनी नोटिस कटनी की जानी-मानी समाजसेवी श्रीमती सरिता गौतम की ओर से मध्य प्रदेश उच्च न्यायालय (High Court) के वरिष्ठ अधिवक्ता धर्मेंद्र विश्वकर्मा के माध्यम से तामील कराया गया है। इस हाई-प्रोफाइल नोटिस के सामने आने के बाद विंध्य से लेकर भोपाल के प्रशासनिक और पुलिस गलियारों में हलचल तेज हो गई है।

भ्रष्टाचार के खिलाफ आवाज उठाने पर प्रताड़ना का आरोप

नोटिस में समाजसेवी सरिता गौतम द्वारा पूर्व पुलिस कप्तान पर लगाए गए आरोपों की मुख्य कड़ियां इस प्रकार हैं:

  • रंजिश का दावा: सरिता गौतम का आरोप है कि कटनी में पदस्थापना के दौरान उन्होंने पुलिस विभाग में व्याप्त कथित आर्थिक भ्रष्टाचार और अन्य गंभीर अनियमितताओं के खिलाफ खुलकर आवाज उठाई थी।
  • परिवार को प्रताड़ित करने का आरोप: उनका दावा है कि भ्रष्टाचार उजागर करने से नाराज होकर पूर्व एसपी ने अपने पद का दुरुपयोग किया और उनके तथा उनके पूरे परिवार को मानसिक व सामाजिक रूप से कड़ा प्रताड़ित किया गया।

चरित्र हनन और सामाजिक प्रतिष्ठा को ठेस पहुंचाने के एवज में ₹10 करोड़ का दावा

अधिवक्ता धर्मेंद्र विश्वकर्मा के माध्यम से भेजे गए इस कानूनी नोटिस में कई बेहद संगीन बिंदुओं का उल्लेख किया गया है:

  1. अमर्यादित व्यवहार का आरोप: कानूनी नोटिस के मुताबिक, पद पर रहते हुए कथित रूप से ऐसी दंडात्मक और नियम विरुद्ध गतिविधियां की गईं, जो एक महिला की गरिमा के खिलाफ थीं। इसमें महिलाओं के साथ अभद्र व्यवहार और सुनियोजित तरीके से चरित्र हनन (Character Assassination) करने के गंभीर आरोप मढ़े गए हैं।
  2. प्रतिष्ठा को भारी नुकसान: सरिता गौतम ने स्पष्ट किया है कि पूर्व एसपी के इन कृत्यों के कारण समाज में उनकी वर्षों से बनी बनाई प्रतिष्ठा और साख को अपूरणीय क्षति पहुंची है। इसी सामाजिक और मानसिक नुकसान के हर्जाने के तौर पर 10 करोड़ रुपये की मानहानि का विधिक दावा ठोका गया है।

पूर्व एसपी अभिजीत रंजन की प्रतिक्रिया का इंतजार; वैधानिक मंच पर जाएगी लड़ाई

याचिकाकर्ता और कानूनी पक्ष का रुख —

“समाजसेवी सरिता गौतम का कहना है कि उन्होंने कानून के दायरे में रहकर यह पहला कदम उठाया है। यदि तय समय सीमा के भीतर संतोषजनक जवाब या माफी नहीं मांगी जाती है, तो वे मामले से जुड़े सभी पुख्ता डिजिटल और दस्तावेजी सबूतों को संबंधित न्यायिक मंचों और लोकायुक्त के समक्ष प्रस्तुत कर कोर्ट केस दर्ज कराएंगी।”

इस पूरे सनसनीखेज मामले को लेकर जब हमारे ब्यूरो ने पूर्व एसपी अभिजीत कुमार रंजन से उनका पक्ष जानने का प्रयास किया, तो खबर लिखे जाने तक उनकी ओर से कोई आधिकारिक प्रतिक्रिया या बयान सामने नहीं आया है। उनका पक्ष या खंडन सामने आने पर उसे भी पूरी निष्पक्षता के साथ प्रमुखता से प्रकाशित किया जाएगा। फिलहाल, नोटिस भेजे जाने के बाद अब अगली विधिक कार्रवाई पर पूरे प्रदेश की नजरें टिक गई हैं।

Hot this week

पलक गुप्ता बनीं मिस मध्य प्रदेश 2025,मैहर जिले का नाम किया रोशन

Miss Madhya Pradesh 2025:मैहर जिले की बेटी पलक गुप्ता...

अतिथि शिक्षकों ने मुख्यमंत्री के नाम SDM को सौंपा 6 सूत्रीय मांगो का ज्ञापन

The Khabrilal : अतिथि शिक्षक संघर्ष समिति ब्लॉक रामनगर...

Customer Engagement Marketing: New Strategy for the Economy

I actually first read this as alkalizing meaning effecting...
spot_img

Related Articles

Popular Categories

spot_imgspot_img