भोपाल : मध्य प्रदेश में त्रिस्तरीय पंचायत चुनाव 2027 को लेकर प्रशासनिक और राजनीतिक हलचलों में तेजी आ गई है। प्रदेश की करीब 23 हजार ग्राम पंचायतों में अप्रैल-मई 2027 के दौरान चुनाव कराए जाने की संभावना है। राज्य सरकार पंचायतों का कार्यकाल पूरा होने से एक-दो महीने पहले ही चुनाव कराने की योजना बना रही है, ताकि नई पंचायतों को समय पर कार्यभार सौंपा जा सके। हालांकि, राज्य निर्वाचन आयोग की ओर से चुनाव की तारीखों का आधिकारिक ऐलान होना अभी बाकी है।

ग्राम सभा के अधिकार समितियों को देने का प्रस्ताव, 1 महीने में जारी होगा नोटिफिकेशन
पंचायत एवं ग्रामीण विकास मंत्री प्रहलाद पटेल ने बालाघाट जिले के वारासिवनी (ग्राम पंचायत गर्रा) में आयोजित सरपंच सम्मेलन के दौरान पंचायती राज व्यवस्था में बड़े बदलावों के संकेत दिए। उन्होंने बताया कि पंचायत राज नियमों में संशोधन की प्रक्रिया जारी है और इसके लिए एक महीने के भीतर नोटिफिकेशन जारी कर दिया जाएगा। नई व्यवस्था के तहत ग्राम सभा की अनिवार्यता तो बनी रहेगी, लेकिन उसके अधिकार पंचायत समितियों को सौंपे जाएंगे। सरकार इस व्यवस्था को आगामी नवंबर तक लागू करने की दिशा में काम कर रही है।
नगरपालिका की तर्ज पर टैक्स वसूल सकेंगी पंचायतें; 25 दिसंबर को 2,472 पंचायत भवनों का लोकार्पण
ग्रामीण अधोसंरचना को मजबूती देने के उद्देश्य से सरकार पंचायतों को नगरपालिका की तर्ज पर स्थानीय स्तर पर टैक्स लगाने का अधिकार देने पर भी गंभीरता से विचार कर रही है। इससे पंचायतों के पास अपने विकास कार्यों के लिए स्वतंत्र वित्तीय स्रोत उपलब्ध होंगे। इसके अलावा, मंत्री पटेल ने बताया कि प्रदेश में ₹37.50 लाख की लागत से दो मंजिला स्वरूप में निर्मित 2,472 नए पंचायत भवन पूरी तरह तैयार हैं, जिनका लोकार्पण 25 दिसंबर को पूर्व प्रधानमंत्री अटल बिहारी वाजपेयी की जयंती पर किया जाएगा।










