मैहर। भाजपा के मध्यप्रदेश प्रदेश अध्यक्ष हेमंत खंडेलवाल रविवार को मां शारदा की पावन नगरी मैहर पहुंचे। यहां उन्होंने मां शारदा के दर्शन-पूजन कर प्रदेश की सुख-समृद्धि की कामना की। मंदिर दर्शन के बाद मीडिया से चर्चा करते हुए खंडेलवाल ने मतदाता सूची के विशेष गहन पुनरीक्षण (SIR) को लेकर कांग्रेस पर तीखा हमला बोला। उन्होंने सवाल उठाया कि आखिर कांग्रेस किसके इशारे पर SIR का विरोध कर रही है? क्या विदेशी ताकतों के इशारे पर देश के नागरिकों का अधिकार छीनने की कोशिश की जा रही है?

मैहर में मां शारदा के दर्शन-पूजन करते भाजपा प्रदेश अध्यक्ष हेमंत खंडेलवाल। SIR के मुद्दे पर मीडिया से चर्चा के दौरान कांग्रेस पर साधा निशाना।
खंडेलवाल ने कहा कि SIR किसी राजनीतिक दल विशेष की प्रक्रिया नहीं, बल्कि लोकतंत्र को मजबूत करने और मतदाता सूची को दुरुस्त करने की संवैधानिक चुनावी प्रक्रिया है। इसके माध्यम से फर्जी, डुप्लीकेट, मृत और दूसरे स्थानों पर जा चुके मतदाताओं के नामों का सत्यापन किया जाता है, ताकि मतदाता सूची अधिक पारदर्शी और व्यवस्थित बन सके।
कांग्रेस के विरोध पर उठाए सवाल, पुरानी सरकारों की प्रक्रिया भी दिलाई याद
भाजपा प्रदेश अध्यक्ष ने कहा कि मतदाता सूचियों का पुनरीक्षण कोई नई प्रक्रिया नहीं है। पूर्व में कांग्रेस की सरकारों के दौरान भी इस तरह की प्रक्रियाएं अपनाई जाती रही हैं। ऐसे में अब इसी प्रक्रिया का विरोध करना और सवाल खड़े करना समझ से परे है। उन्होंने कहा कि इस पूरी कवायद का उद्देश्य मतदाता सूची में केवल पात्र नागरिकों के नाम सुनिश्चित करना है।
SIR पर भाजपा-कांग्रेस आमने-सामने
SIR को लेकर मध्यप्रदेश की राजनीति में भाजपा और कांग्रेस के बीच आरोप-प्रत्यारोप का दौर जारी है। कांग्रेस जहां मतदाता सूची से पात्र मतदाताओं के नाम हटने की आशंका और प्रक्रिया की पारदर्शिता को लेकर सवाल उठा रही है, वहीं भाजपा इसे लोकतांत्रिक व्यवस्था को मजबूत करने की आवश्यक प्रक्रिया बता रही है। मैहर में हेमंत खंडेलवाल के बयान के बाद इस मुद्दे पर सियासी बहस एक बार फिर तेज हो गई है।
मैहर प्रवास के दौरान भाजपा प्रदेश अध्यक्ष ने मां शारदा के दर्शन के बाद पार्टी पदाधिकारियों और कार्यकर्ताओं से मुलाकात की तथा स्थानीय कार्यक्रमों में भी सहभागिता की। हालांकि उनके दौरे के दौरान SIR को लेकर कांग्रेस पर दिया गया बयान राजनीतिक चर्चा का प्रमुख विषय बना रहा।











