Sign In
/
/
अमरपाटन में किसानों का बड़ा प्रदर्शन: 11 सूत्रीय मांगों को लेकर निकाली ट्रैक्टर-बाइक रैली, एसडीएम को सौंपा ज्ञापन

अमरपाटन में किसानों का बड़ा प्रदर्शन: 11 सूत्रीय मांगों को लेकर निकाली ट्रैक्टर-बाइक रैली, एसडीएम को सौंपा ज्ञापन

[inb_subtitle]

विज्ञापन

प्रांशु विश्वकर्मा

Published On: Oct 28, 2026, 11:38 AM IST

Updated On: Oct 28, 2026, 11:38 AM IST

🔗 Link Copied!
🔗 Link Copied!
अमरपाटन (मैहर) मध्य प्रदेश के मैहर जिले के अमरपाटन में मंगलवार दोपहर किसानों का गुस्सा सड़कों पर देखने को मिला। भारतीय किसान यूनियन (अराजनैतिक) के बैनर तले सैकड़ों किसानों ने अपनी 11 सूत्रीय प्रमुख मांगों को लेकर एक विशाल ट्रैक्टर और बाइक रैली निकाली। नगर के मुख्य मार्गों से होते हुए यह रैली एसडीएम कार्यालय पहुंची, जहां किसानों ने जोरदार प्रदर्शन किया और मुख्यमंत्री व जिला कलेक्टर के नाम संबोधित ज्ञापन एसडीएम एसपी मिश्रा को सौंपा।
11 मांगों को लेकर धरना दिया।

MSP गारंटी कानून और स्वामीनाथन आयोग की सिफारिशें मुख्य मांगें

संगठन के प्रदेश अध्यक्ष जगदीश सिंह और कार्यकारी अध्यक्ष महेंद्र सिंह के नेतृत्व में सौंपे गए ज्ञापन में किसानों ने राष्ट्रीय और स्थानीय स्तर के कई गंभीर मुद्दे उठाए:
  • MSP गारंटी कानून: किसानों ने सभी फसलों की न्यूनतम समर्थन मूल्य (MSP) पर खरीदी की कानूनी गारंटी देने की मांग की।
  • C2+50% फॉर्मूला: स्वामीनाथन आयोग की सिफारिशों के अनुसार फसलों के दाम C2+50% फॉर्मूले के आधार पर तय किए जाएं।
  • धान पंजीयन सुधार: धान पंजीयन के दौरान सिंचित रकबे को गलती से असिंचित दर्ज किए जाने की त्रुटियों को तुरंत सुधारने की मांग रखी गई।

विभिन्न् मांगों को लेकर ज्ञापन सौंपा गया।

खाद, बिजली और ट्रांसफॉर्मर की किल्लत पर फूटा गुस्सा

रबी सीजन की शुरुआत से पहले किसानों ने कृषि व्यवस्था में सुधार की पुरजोर मांग की:
  1. पर्याप्त खाद और रोक: किसानों को समय पर पर्याप्त खाद उपलब्ध कराई जाए, नकली खाद की बिक्री पर पूरी रोक लगे तथा अऋणी (Non-loanee) किसानों को नकद में खाद दी जाए।
  2. बिजली और ट्रांसफॉर्मर: सिंचाई के लिए निर्बाध रूप से 10 घंटे बिजली आपूर्ति की जाए और जले हुए ट्रांसफॉर्मर्स को तुरंत बदला जाए।
  3. राजस्व मामले और आवारा पशु: लंबित राजस्व मामलों का त्वरित निपटारा, खसरा-खतौनी की गलतियों में सुधार तथा आवारा व जंगली जानवरों से फसलों की सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम किए जाएं।
  4. मुआवजा: नहर निर्माण से प्रभावित किसानों को सर्किल रेट का चार गुना मुआवजा दिए जाने की मांग भी उठाई गई।

खरीदी केंद्रों पर अवैध वसूली और दूध के दाम बढ़ाने की मांग

प्रदर्शन के दौरान किसानों ने स्थानीय स्तर पर हो रही परेशानियों को भी प्रमुखता से उठाया:
  • धान खरीदी में अवैध वसूली: धान खरीदी केंद्रों पर तुलाई, सिलाई और चट्टा लगाने के नाम पर किसानों से की जाने वाली अतिरिक्त पैसों की वसूली पर सख्त रोक लगाई जाए।
  • दूध का उचित मूल्य: अंचल के दुग्ध उत्पादक किसानों ने दूध का भाव बढ़ाकर ₹12 प्रति फैट करने की मांग की।
कार्यकारी प्रदेश अध्यक्ष महेंद्र सिंह ने चेतावनी दी कि यदि प्रशासन ने समय रहते किसानों की इन समस्याओं का समाधान नहीं किया, तो आने वाले दिनों में और भी उग्र आंदोलन किया जाएगा। वहीं, एसडीएम एसपी मिश्रा ने तहसील स्तर की समस्याओं का जल्द निराकरण करने और शासन स्तर की मांगों को उच्चाधिकारियों तक पहुंचाने का आश्वासन दिया है।
होम
MP ब्रेकिंग
Join करें
Join करें
मेन्यू