सतना: सतना जिले के नागौद थाना क्षेत्र अंतर्गत ग्राम टीकर में 7 सितंबर 2026 को हुई हिस्ट्रीशीटर राहुल सिंह की हत्या का मामला अब तूल पकड़ता जा रहा है। हत्याकांड की निष्पक्ष जांच और कथित संदिग्धों पर कार्रवाई की मांग को लेकर मंगलवार को रॉयल राजपूत संगठन के बैनर तले क्षत्रिय समाज और मृतक के परिजनों ने कलेक्ट्रेट व एसपी कार्यालय का उग्र घेराव किया। प्रदर्शनकारियों ने निष्पक्ष पुलिस जांच पर सवाल उठाते हुए सिंहपुर थाना प्रभारी (टीआई) पंकज शुक्ला को तत्काल प्रभाव से हटाने की मांग की और अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक (एएसपी) को इस संबंध में ज्ञापन सौंपा।

मुख्य आरोपी गिरफ्तार, परिजनों ने दो अन्य पर जताई साजिश की आशंका
मामले में पुलिस कार्रवाई और परिजनों के आरोपों की स्थिति इस प्रकार है:
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मुख्य आरोपी जेल भेजे गए: सिंहपुर पुलिस के मुताबिक घटना के मुख्य आरोपी चाचा-भतीजे सियाशरण दाहिया और अश्विनी दाहिया को गिरफ्तार कर न्यायालय के आदेश पर जेल भेज दिया गया है।
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संदेह के दायरे में अन्य नाम: मृतक के पिता ब्रजमोहन सिंह का आरोप है कि घटना से ठीक पहले कृष्णा गर्ग और शिवा गर्ग लगातार राहुल के मोबाइल पर संपर्क में थे। परिजनों को आशंका है कि हत्या की साजिश में ये लोग भी शामिल हो सकते हैं।
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कॉल डिटेल और CDR की मांग: परिजनों और संगठन ने मांग की है कि घटना के वक्त सक्रिय रहे 2-3 संदिग्धों के मोबाइल नंबरों की कॉल डिटेल (CDR) और तकनीकी जांच कराई जाए ताकि साजिश की पूरी परतें खुल सकें।
मृतक राहुल सिंह का आपराधिक रिकॉर्ड
पुलिस रिकॉर्ड के अनुसार, मृतक राहुल सिंह (निवासी टीकर, थाना सिंहपुर) क्षेत्र का चिह्नित हिस्ट्रीशीटर था। उसके खिलाफ विभिन्न थानों में हत्या (धारा 302 IPC), हत्या का प्रयास, डकैती, आर्म्स एक्ट और SC/ST एक्ट समेत एक दर्जन से अधिक गंभीर आपराधिक मामले दर्ज थे।
मामले का संक्षिप्त विवरण
| विवरण | जानकारी |
| घटनास्थल | ग्राम टीकर, नागौद थाना क्षेत्र (जिला सतना) |
| घटना की तारीख | 07 सितंबर 2026 |
| मृतक | राहुल सिंह (हिस्ट्रीशीटर, निवासी टीकर) |
| गिरफ्तार आरोपी | सियाशरण दाहिया एवं अश्विनी दाहिया |
| प्रमुख मांगें | टीआई पंकज शुक्ला का तबादला, संदिग्धों की कॉल डिटेल जांच |
पुलिस का निष्पक्ष जांच का आश्वासन
घेराव और प्रदर्शन के दौरान वरिष्ठ पुलिस अधिकारियों ने रॉयल राजपूत संगठन और परिजनों से ज्ञापन प्राप्त किया। एएसपी ने प्रदर्शनकारियों को आश्वस्त किया है कि मामले की हर बिंदु पर निष्पक्ष व तकनीकी जांच कराई जाएगी। हालांकि, संगठन के पदाधिकारियों का कहना है कि जब तक थाना प्रभारी को नहीं हटाया जाता और अन्य संदिग्धों से पूछताछ नहीं होती, उनका विरोध जारी रहेगा।









