वृंदावन/राष्ट्रीय : उत्तर प्रदेश के सुप्रसिद्ध धार्मिक स्थल वृंदावन में शुक्रवार को एक सनसनीखेज वारदात सामने आई है। बाराह घाट मार्ग स्थित गुरु कृपा कुंज आश्रम में आध्यात्मिक संत प्रेमानंद महाराज के शिष्य रसिक दुलारी शरण उर्फ दीपक लोधी (30) की चौथी मंजिल की छत से संदिग्ध परिस्थितियों में गिरकर मौत हो गई। घटना के बाद आश्रम परिसर और पूरे वृंदावन क्षेत्र में हड़कंप मच गया है। मामले में हत्या की आशंका जताते हुए स्थानीय साधु-संतों ने सीबीआई (CBI) जांच की मांग तेज कर दी है।

चौथी मंजिल से नीचे गिरे, अस्पताल ले जाते समय तोड़ा दम
प्राप्त जानकारी के अनुसार, शुक्रवार सुबह करीब 10:30 बजे दीपक लोधी अचानक आश्रम की चौथी मंजिल से नीचे आ गिरे। आनन-फानन में उन्हें इलाज के लिए नजदीकी निजी अस्पताल ले जाया गया, जहां डॉक्टरों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया। सूचना पर पहुंची पुलिस ने शव को पंचनामा भरकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है और परिजनों को सूचित कर दिया गया है।
कपड़ों पर खून के धब्बे और गंभीर दावों से उलझा मामला, संतों का आक्रोश
इस मौत के बाद मामला लगातार तूल पकड़ता जा रहा है। श्री कृष्ण जन्मभूमि प्रकरण के याचिकाकर्ता दिनेश फलाहारी महाराज, महामंडलेश्वर राधानंद गिरी और महंत पवन गिरी महाराज सहित कई संतों ने इसे आत्महत्या न मानकर नृशंस हत्या करार दिया है। संतों का दावा है कि मृतक के कपड़ों पर खून के निशान मिले हैं और शरीर पर गंभीर चोटों के निशान हैं। संतों ने इस पूरे मामले की निष्पक्ष सीबीआई (CBI) जांच कराने की पुरजोर मांग की है।
पोस्टमार्टम रिपोर्ट पर टिकी पुलिस की जांच, परिजनों से पूछताछ जारी
मृतक के रिश्तेदार सोनू पटेल ने बताया कि उन्हें रात में दीपक के घायल होने और ऑपरेशन की सूचना मिली थी, लेकिन अस्पताल पहुंचने पर मृत्यु का पता चला। वहीं, पुलिस अधिकारियों का कहना है कि मामला संदिग्ध है और सभी पहलुओं की बारीकी से जांच की जा रही है। पुलिस का कहना है कि मौत के वास्तविक कारणों का खुलासा पोस्टमार्टम रिपोर्ट (Post-Mortem Report) आने के बाद ही हो सकेगा, जिसके आधार पर आगे की वैधानिक कार्रवाई की जाएगी।











