चेन्नै/त्रिची: तमिलनाडु की राजनीति में मुख्यमंत्री जोसेफ विजय (थलापति विजय) के सत्ता संभालने के बाद अब विंध्य से लेकर दक्षिण तक एक बेहद सनसनीखेज और दूरगामी मांग उठने लगी है। तमिलनाडु की जिस त्रिची (तिरुचिरापल्ली) विधानसभा सीट से सुपरस्टार विजय मुख्यमंत्री की कुर्सी तक पहुंचे हैं, अब उस ऐतिहासिक शहर को तमिलनाडु की ‘सेकंड कैपिटल’ (दूसरी राजधानी) बनाने की मांग ने जोर पकड़ लिया है। एमडीएमके (MDMK) सांसद दुरई वाइको ने मुख्यमंत्री विजय से एक हाई-प्रोफाइल मुलाकात कर त्रिची को दूसरी राजधानी घोषित करने समेत विकास का एक ऐसा ‘मेगा ब्लूप्रिंट’ सौंप दिया, जिसे सुनकर एक बारगी तो खुद थलापति भी हैरान (शॉक्ड) रह गए।

भास्कर हाइलाइट्स: जिस धरती ने बनाया सीएम, वहीं से उठी राजधानी की मांग
- ऐतिहासिक जीत का कर्ज: साल 2026 के विधानसभा चुनाव में त्रिची की जनता ने थलापति विजय को ऐतिहासिक जीत दिलाई थी। अब त्रिची लोकसभा सीट से सांसद दुरई वाइको ने सीधे सीएम सचिवालय पहुंचकर क्षेत्र के कायाकल्प के लिए विस्तृत ज्ञापन सौंपा है।
- गर्मजोशी से स्वागत: सांसद दुरई वाइको ने बताया कि सीएम विजय ने अत्यंत गर्मजोशी से उनका स्वागत किया और त्रिची की जनता से जुड़ी मांगों को बेहद ध्यान से सुना। सीएम ने इन सभी प्रस्तावों पर सरकार की ओर से सहानुभूतिपूर्वक विचार करते हुए उचित और सकारात्मक कार्रवाई का ठोस आश्वासन दिया है।
एक्सक्लूसिव लिस्ट: सांसद दुरई वाइको ने सीएम विजय से क्या-क्या मांगा?
सांसद द्वारा सौंपे गए ज्ञापन में त्रिची को देश का सबसे आधुनिक हब बनाने के लिए ये 10 महत्वपूर्ण और ऐतिहासिक मांगें रखी गई हैं:
- सेकंड कैपिटल का दर्जा: चेन्नै के बढ़ते बोझ को कम करने के लिए त्रिची को तमिलनाडु की दूसरी राजधानी घोषित किया जाए।
- मेट्रो रेल प्रोजेक्ट: त्रिची शहर के लिए रैपिड मेट्रो रेल परियोजना का व्यवहार्यता अध्ययन (Feasibility Study) तुरंत शुरू हो।
- सेमीकंडक्टर हब: त्रिची-मनप्पराई SIPCOT कॉम्प्लेक्स को हाईटेक सेमीकंडक्टर और इलेक्ट्रॉनिक्स मैन्युफैक्चरिंग हब में बदला जाए।
- यूनिवर्सिटी सिटी और ड्राई पोर्ट: त्रिची में एक अंतरराष्ट्रीय स्तर की ‘यूनिवर्सिटी सिटी’ और एक आधुनिक ‘ड्राई पोर्ट’ (Dry Port) स्थापित हो।
- एयरपोर्ट का विस्तार: त्रिची अंतर्राष्ट्रीय हवाई अड्डे के रनवे (Runway Extension) का तत्काल विस्तार किया जाए।
- नया परिवहन निगम: त्रिची में मुख्यालय वाला एक बिल्कुल अलग TNSTC परिवहन निगम बनाया जाए।
- अस्पताल का शिफ्टिंग: श्रीरंगम सरकारी अस्पताल को बाढ़ या असुरक्षित जगह से हटाकर सुरक्षित स्थान पर स्थानांतरित किया जाए और वहां नई मातृ एवं शिशु स्वास्थ्य (MCH) विंग की इमारत बने।
- पावर सब-स्टेशन: बिजली संकट दूर करने के लिए कडलियूर में 33/11 KV का नया इलेक्ट्रिकल सब-स्टेशन स्थापित हो।
- किसानों को टैक्स से राहत: क्षेत्र के कपास किसानों के लिए सेस टैक्स (Cess Tax) को पूरी तरह खत्म किया जाए।
- पर्यावरण का शुद्धिकरण: भूजल और पर्यावरण को भारी नुकसान पहुंचाने वाले सीमा करुवेलम (Prosopis juliflora) पेड़ों को पूरी तरह नष्ट करने के लिए एक व्यापक सरकारी योजना बने।
त्रिची से थलापति विजय का खास और बेहद भावनात्मक रिश्ता
राजनीतिक पंडितों के अनुसार, मुख्यमंत्री विजय के लिए त्रिची को नजरअंदाज करना नामुमकिन है, क्योंकि इस शहर से उनका गहरा और अटूट रिश्ता है:
- दो सीटों से जीते थे चुनाव: थलापति विजय ने विधानसभा चुनाव में दो सीटों— चेन्नई की पेरंबूर और त्रिची की तिरुचि ईस्ट से चुनाव लड़ा था और दोनों जगह ऐतिहासिक जीत दर्ज की थी।
- रिकॉर्ड मार्जिन: तिरुचि ईस्ट सीट पर उन्होंने अपने प्रतिद्वंदी द्रमुक (DMK) उम्मीदवार को 27,416 वोटों के भारी अंतर से धूल चटाई थी।
- इस्तीफा देने के बाद भी नहीं भूले रिश्ता: हालांकि, संवैधानिक नियमों के कारण एक सीट छोड़ने की बाध्यता के चलते उन्होंने बाद में त्रिची ईस्ट सीट से इस्तीफा दे दिया और चेन्नई की पेरम्बूर सीट अपने पास रखी। लेकिन सीट छोड़ने के तुरंत बाद विजय ने त्रिची की जनता का आभार जताने के लिए वहां एक विशाल धन्यवाद रैली और जनसभा की थी, जहां उन्हें ‘सम्राट’ के गेटअप में तलवार भी भेंट की गई थी।
यही वजह है कि सांसद दुरई वाइको द्वारा त्रिची की चौतरफा तरक्की के लिए सौंपे गए इस ‘कैपिटल प्रपोजल’ को तमिलनाडु की राजनीति और इंफ्रास्ट्रक्चर के लिहाज से गेमचेंजर माना जा रहा है।






