कटनी/भोपाल: मध्य प्रदेश के कटनी जिले में धोखाधड़ी, जालसाजी और पद के दुरुपयोग के गंभीर आरोपों में नामजद निलंबित नगर पुलिस अधीक्षक (CSP) नेहा पच्चीसिया की मुश्किलें बढ़ गई हैं। प्राथमिकी (FIR) दर्ज होते ही निलंबित CSP भोपाल में चल रही अपनी विभागीय ट्रेनिंग को बीच में ही छोड़कर फरार हो गई हैं। गिरफ्तारी से बचने के लिए उन्होंने कटनी जिला एवं सत्र न्यायालय में अग्रिम जमानत याचिका (Anticipatory Bail Application) दायर की है।

केस की गंभीरता, ट्रांसफर और पुलिस की कार्रवाई
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भोपाल से फरार हुईं अफसर: कटनी में एफआईआर दर्ज होने की सूचना मिलते ही निलंबित CSP नेहा पच्चीसिया भोपाल स्थित पुलिस अकादमी/प्रशिक्षण केंद्र से बिना बताए रवाना हो गईं, जिसके बाद पुलिस ने उनकी तलाश तेज कर दी है।
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भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम (PC Act) शामिल: मामले की जांच के दौरान साक्ष्यों के आधार पर प्रकरण में भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम (Prevention of Corruption Act) की गंभीर धाराएं जोड़ दी गई हैं।
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विशेष न्यायालय में ट्रांसफर हुआ केस: भ्रष्टाचार की धाराएं जुड़ने के बाद मामले की सुनवाई और अग्रिम जमानत याचिका को कटनी के विशेष न्यायालय (Special Court) में स्थानांतरित कर दिया गया है।
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पुलिस दे रही लगातार दबिश: कटनी पुलिस की विशेष टीमें फरार निलंबित महिला पुलिस अधिकारी के संभावित ठिकानों पर लगातार छापेमारी कर रही हैं।
मामले का विवरण
| विवरण | जानकारी |
| नामजद अधिकारी | नेहा पच्चीसिया (निलंबित CSP) |
| दर्ज मामले/धाराएं | धोखाधड़ी, पद का दुरुपयोग एवं भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम |
| वर्तमान स्थिति | फरार, कटनी विशेष कोर्ट में अग्रिम जमानत याचिका दायर |
| कार्रवाई | पुलिस टीमों द्वारा संभावित ठिकानों पर तलाश जारी |
प्रशासनिक स्थिति
प्रकरण की संवेदनशीलता को देखते हुए वरिष्ठ पुलिस अधिकारियों द्वारा पूरे मामले की क्लोज मॉनिटरिंग की जा रही है। पुलिस सूत्रों के अनुसार, कोर्ट से अग्रिम जमानत याचिका खारिज होने की स्थिति में पुलिस टीम कानूनी प्रक्रिया के तहत कुर्की या वारंट की कार्रवाई आगे बढ़ा सकती है।








