मैहर: विंध्य अंचल की आस्था के सबसे बड़े केंद्र और सिद्ध पीठ मां शारदा देवी धाम मैहर में आज एक बेहद अद्भुत और अनोखा नजारा देखने को मिला। भारतीय सनातन संस्कृति और मां शारदा की महिमा से आकर्षित होकर सात समंदर पार इंग्लैंड (UK) से तीन विदेशी सैलानी मैहर पहुंचे। त्रिकूट पर्वत पर विराजमान माता रानी के दरबार में माथा टेकने पहुंचे इन विदेशी मेहमानों ने न केवल माता के दर्शन किए, बल्कि पूरी तरह से भारतीय सभ्यता और पारंपरिक पोशाक (धोती-कुर्ता और साड़ी) धारण कर विधि-विधान से पूजा-अर्चना भी की।

विदेशी मेहमानों पर चढ़ा भक्ति का रंग
- पारंपरिक वेशभूषा में पहुंचे मंदिर: मैहर पहुंचे तीनों ब्रिटिश नागरिकों का पहनावा और श्रद्धा देखकर हर कोई हैरान रह गया। उन्होंने पाश्चात्य संस्कृति को छोड़ भारत की पारंपरिक वेशभूषा पहनी थी। माथे पर तिलक और हाथों में पूजा की थाली लिए वे आम श्रद्धालुओं की तरह माता की भक्ति में लीन नजर आए।
- विधिवत की पूजा-अर्चना: त्रिकूट पर्वत पर स्थित मुख्य मंदिर पहुंचकर तीनों सैलानियों ने प्रधान पुजारी के सानिध्य में माता शारदा की दिव्य आरती की, फल-फूल और चुनरी अर्पित की तथा लोक-कल्याण की कामना की।
मैहर के बाद अब ‘कान्हा की नगरी’ वृंदावन का दीदार करेगी तिकड़ी
मंदिर प्रबंधन और स्थानीय गाइडों से मिली जानकारी के मुताबिक, ये तीनों सैलानी भारत की आध्यात्मिक और सांस्कृतिक विरासत को करीब से जानने के लिए लंबे टूर पर आए हैं।
- विंध्य की मेहमाननवाज़ी से गदगद: विदेशी सैलानियों ने मैहर धाम की व्यवस्थाओं, रोपवे के सफर और यहाँ के शांत वातावरण की जमकर तारीफ की। उन्होंने कहा कि मैहर आकर उन्हें एक असीम मानसिक शांति की अनुभूति हुई है।
- अगला पड़ाव वृंदावन: मैहर में मां शारदा का आशीर्वाद लेने के बाद यह विदेशी तिकड़ी अब भगवान श्री कृष्ण की पावन क्रीड़ा स्थली वृंदावन (उत्तर प्रदेश) के लिए रवाना होगी, जहां वे बांके बिहारी के दर्शन कर ब्रज की होली और रासलीला के रंगों को करीब से निहारेंगे।
वैश्विक पटल पर चमक रही है मैहर की आभा
धार्मिक पर्यटन के दृष्टिकोण से मैहर अब केवल मध्य प्रदेश या भारत तक सीमित नहीं रहा, बल्कि इंटरनेशनल टूरिस्ट्स के लिए भी एक बड़ा केंद्र बनता जा रहा है। सोशल मीडिया पर इन विदेशी मेहमानों की तस्वीरें और वीडियो तेजी से वायरल हो रहे हैं, जिसे विंध्य और मैहर के लोग अपनी माटी के गौरव के रूप में गर्व से शेयर कर रहे हैं।







