सिंगरौली: मध्य प्रदेश के सिंगरौली जिले में प्राकृतिक संसाधनों के अवैध दोहन और खनिजों के गैर-कानूनी भंडारण के ख़िलाफ़ जिला प्रशासन ने शिकंजा कस दिया है। सिंगरौली कलेक्टर गौरव बेनल के कड़े निर्देशों और जिला खनिज अधिकारी आकांक्षा पटेल के मार्गदर्शन में खनिज विभाग, वन विभाग तथा नॉर्दर्न कोलफील्ड्स लिमिटेड (NCL) के सुरक्षा बल की संयुक्त टीम ने निगाही परियोजना क्षेत्र के पास बड़ी कार्रवाई को अंजाम दिया। टीम ने रेलवे लाइन के करीब लावारिस हालत में डंप करके रखा गया लगभग 32 टन अवैध कोयला मौके से जब्त किया है।

रेलवे लाइन के पास मिला 32 टन कोयला; मोरवा थाने में कराया गया सुरक्षित
इस संयुक्त प्रशासनिक कार्रवाई से जुड़ी मुख्य कड़ियाँ इस प्रकार हैं:
- जांच में मिला अवैध डिपो: सहायक खनिज अधिकारी रामसुशील चौरसिया के नेतृत्व में पहुंची संयुक्त टीम ने रविवार को निगाही खदान क्षेत्र के आसपास गहन जांच अभियान चलाया। इस दौरान निगाही रेलवे लाइन से महज 200 मीटर की दूरी पर लावारिस अवस्था में अवैध रूप से भंडारित किया गया कोयला बरामद हुआ।
- मोरवा थाने में रखा गया माल: जब्त किए गए 32 टन कोयले की सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए उसे तत्काल मोरवा थाना परिसर में भिजवाकर सुरक्षित रखवा दिया गया है।
खनिज अधिनियम के तहत केस दर्ज; अवैध खनन के ख़िलाफ़ जारी रहेगा अभियान
प्रशासनिक अधिकारियों ने बताया कि जब्त कोयले के संबंध में मध्य प्रदेश गौण खनिज नियमों और खनन अधिनियम के तहत वैधानिक प्रकरण दर्ज कर अग्रिम विवेचना की जा रही है। पुलिस और खनिज विभाग की टीम यह पता लगाने में जुटी है कि इस लावारिस कोयले को किस गिरोह द्वारा अवैध रूप से एकत्रित और परिवहन करने की योजना बनाई जा रही थी। जिला प्रशासन ने सख्त चेतावनी दी है कि जिले में अवैध खनन, परिवहन और भंडारण करने वालों पर आगे भी ऐसी ही कठोरतम कार्रवाई जारी रहेगी।
कार्रवाई का सांख्यिकीय ढांचा (Seizure Action Matrix)
- स्थान: NCL निगाही परियोजना क्षेत्र (रेलवे लाइन के पास), सिंगरौली।
- जब्त सामग्री: 32 टन अवैध कोयला।
- सुरक्षित रखने का स्थान: मोरवा थाना परिसर।
- नेतृत्वकर्ता अधिकारी: रामसुशील चौरसिया (सहायक खनिज अधिकारी)।
- संयुक्त टीम: खनिज विभाग, वन विभाग एवं NCL सुरक्षा बल।







