रामनगर/मैहर: मैहर (Maihar) जिले के रामनगर थाना क्षेत्र अंतर्गत मुख्य चौराहा इन दिनों प्रशासनिक उदासीनता के कारण आम नागरिकों के लिए बड़ी मुसीबत का सबब बन चुका है। पुलिस थाने के ठीक सामने स्थित यह व्यस्ततम चौराहा अब पूरी तरह से अघोषित बस स्टैंड में तब्दील होता नजर आ रहा है। आरोप है कि निजी बस संचालक और ऑटो चालक सवारी बैठाने की होड़ में अपने वाहनों को बीच सड़क और चौराहे के मोड़ों पर ही बेतरतीब ढंग से खड़ा कर देते हैं। इसके चलते दिनभर चौराहे पर भीषण जाम की स्थिति निर्मित हो रही है और कलेक्ट्रेट व पुलिस विंग की व्यवस्था पर सवाल खड़े हो रहे हैं।

थाने के नाक के नीचे नियम-कायदों की धज्जियां; मरीजों और विद्यार्थियों का फूटा गुस्सा
रामनगर चौराहे के इस ट्रैफिक विलेख की मुख्य कड़ियाँ इस प्रकार हैं:
- घंटों थमता है पहिया: स्थानीय नागरिकों का कहना है कि रामनगर थाना चौराहा क्षेत्र का सबसे मुख्य आवागमन बिंदु है। इसके बावजूद निजी बस चालकों द्वारा सड़क के बीचों-बीच गाड़ियां रोककर सवारियां चढ़ाने-उतारने का सिलसिला लगातार जारी है। मना करने पर ऑटो चालकों द्वारा विवाद किया जाता है, जिससे हर १०-१५ मिनट में सड़क का चक्का जाम हो जाता है।
- आपातकालीन सेवाओं पर मंडराता खतरा: इस बेतरतीब ट्रैफिक व्यवस्था के कारण सबसे ज्यादा परेशानी स्वास्थ्य सेवाओं को हो रही है। गंभीर मरीजों को ले जाने वाली एंबुलेंस (Ambulance) अक्सर इस चौराहे पर घंटों फंसी रहती हैं। इसके अलावा स्कूल-कॉलेज जाने वाले छात्र-छात्राएं, व्यापारी और दफ्तर जाने वाले नौकरीपेशा लोग रोजाना अपने तय समय पर नहीं पहुंच पा रहे हैं।
व्यापारियों और ग्रामीणों ने की सख्त ट्रैफिक व्यवस्था व पुलिस प्वाइंट की मांग
अंचल के नागरिकों द्वारा कलेक्ट्रेट और पुलिस कप्तानी से की गई मुख्य मांगें नीचे दी गई हैं:
- नो-पार्किंग और स्थायी स्टॉपेज तय हों: स्थानीय रहवासियों और व्यापारियों ने मैहर पुलिस अधीक्षक (SP) और कलेक्ट्रेट विंग से मांग की है कि रामनगर थाना चौराहे पर ट्रैफिक पुलिस जवानों की मुस्तैदी सुनिश्चित की जाए। चौराहे के आसपास बसों और ऑटो के खड़े होने पर विधिक रूप से प्रतिबंध लगाया जाए और उनके लिए अलग स्टॉपेज चिन्हित किया जाए।
- सख्त चालानी कार्रवाई की चेतावनी: ग्रामीणों का कहना है कि यदि बीच सड़क पर बसें खड़ी करने वाले चालकों के खिलाफ सख्त चालानी और जब्ती की कार्रवाई नहीं की गई, तो क्षेत्रवासी उग्र आंदोलन के लिए बाध्य होंगे।
समस्या और ट्रैफिक कुप्रबंधन का तार्किक ढांचा
- प्रभावित क्षेत्र: रामनगर थाना चौराहा (मुख्य मार्ग, मैहर जिला)।
- मुख्य कारण : निजी बसों और ऑटो चालकों द्वारा बिना किसी खौफ के बेतरतीब पार्किंग।
- सड़कों पर असर: स्कूली बसें, आपातकालीन एंबुलेंस और आम राहगीर रोजाना घंटों जाम में फंसने को मजबूर।







